Yuva Abhyuday Mission (Hindi)

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:: What was in my mind ::
Our Guru Shri Pawan Sinha Ji has started a new mission for the awakening of Indian Youths, who are presently indulging in various misleading activities and confused for the right direction. It is a free course and in starting available for only 108 youths. For details of the course kindly follow the link Yuva Abhyuday Mission . This poetry is to show youth's present situation and to promote him to be a part of this mission.

अँधियारा क्यों करता है आकर्षित,
आता है आनंद भूतिया कहानियों में,
परी कथा तो आजकल बच्चे भी नहीं सुनते,
बिना लोभ के काम की शुरुआत ही नहीं होती,
जो खिलाता है चॉकलेट, बच्चे भी उसे ही हैं चुनते।

तंत्र-मंत्र और डराने वाले ग्रह हैं हाई डिमांड में,
भगवत-भजन से क्या होगा,
जब पड़ोसियों के टोटके हैं कमान में।
संसार की छोड़ो, अपनों के लिए भी दुआ नहीं निकलती,
बस दूसरे का बुरा हो जाए... इसी सोच में जिंदगी है चलती।

बॉलीवुड का मसाला, पड़ोसी की बुराई,
भूतों की स्टोरी और सास-बहू की चुगली खाई,
फिर भी समय मिला तो नेताओं को कोसना,
और बाकी समय में सेल्फ़ी खेंच, सोशल मीडिया पर परोसना।

धार्मिक सीरियलों में भी इंद्र का अहंकार,
विद्वान् राक्षसों पर साज़िशी पलटवार,
शनिदेव के न्याय में दलित राक्षसों पर नेह,
राधा की चिता पर रोते कृष्ण का स्नेह।

शूरवीर के इतिहास में, प्रेमपाश के वार,
रसिक और बेवक़ूफ़ राजाओं की इतिहास में भरमार,
बुद्धिमान मंत्री से ज्यादा, मूर्खों की कहानी,
मीरां की भक्ति को कहते कि मीरां थी कृष्ण की दीवानी।

आख़िर क्या है जो बनेगा आने वाली पीढ़ी का आधार,
साजिशों से भरी संस्कृति और टोटकों से भरे विचार,
इसी से इतर आज युवा चाहता है शांति,
पर अपने में मदहोश हो फैला रहा है भ्रांति,
ख़ुश नहीं है वो, डरा हुआ है,
सच और झूठ को परख़ने से दूर खड़ा हुआ है,
कोई उसका मिसयूज ना करले,
ये सोच अनयूजफुल बना हुआ है।

ब्रेन है पर ब्रेन स्टॉर्मिंग से डरता है,
बचपन में मोबाइल, जवानी में लड़कियों पर मरता है,
'क्रांति' शब्द तो सिर्फ तनख़्वाह बढ़वाने,
और माँ-बाप को सुनाने के ही काम आता है,
गलती कोई उसकी बता दे,
तो मन गुस्से से भर जाता है,
करप्शन हटाने और आरक्षण रोकने में
वो है आगे,
पर कोई उसे ऐसी फैसिलिटी दे दे तो फिर
क्यों उसका ज़मीर जागे,
अधिकार उसे पूरे चाहियें,
पर दायित्वों से घबराता है,
देश का गौरव वो क्या होगा,
जो हर बात में झुंझलाता है,

चलो कुछ बदलने का प्रयास करें,
युवाओं और बच्चों का विकास करें,
उन्हें अवगत करायें हमारी अद्वितीय संस्कृति से,
उन्हें अवगत करायें उनके अंदर की शक्ति से,
उन्हें बचा कर लाएं सारे पाखंडों-प्रपंचों से,
उन्हें दूर करायें दुनिया के सारे गोरखधंधों से,
उनको राह दिखाना ही हो अब हमारा मिशन,
चलो शुरू करें देश में युवा अभ्युदय मिशन।

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  1. Aarti Chauhan
    Thanks